"मुझे शुगर है — क्या मैं होम्योपैथी की मीठी गोलियाँ ले सकता हूँ?" — क्लिनिक में सबसे ज़्यादा पूछे जाने वाले सवालों में से एक।
छोटा जवाब: सामान्य डोज़ में होम्योपैथिक गोलियों की चीनी रोज़ के खाने की तुलना में बहुत कम होती है, इसलिए ज़्यादातर डायबिटीज़ के मरीज़ों के लिए यह व्यावहारिक चिंता नहीं है। फिर भी डॉक्टर को अपनी डायबिटीज़ ज़रूर बताएँ — ज़रूरत हो तो दूसरे विकल्प हैं, और डायबिटीज़ की दवा डॉक्टर के बताए अनुसार चलती रहनी चाहिए।
| रूप | आधार | ध्यान दें |
|---|---|---|
| छोटी गोल गोलियाँ (ग्लोब्यूल्स) | चीनी (सुक्रोज़) | दवा की बूँदें डालकर तैयार; एक डोज़ में कुछ गोलियाँ |
| टैबलेट | लैक्टोज़ (दूध की शक्कर) | लैक्टोज़ इनटॉलरेंस वालों के लिए ध्यान देने वाली बात |
| लिक्विड (डाइल्यूशन) | पानी-अल्कोहल | पानी में बूँदें डालकर भी दी जा सकती है |
| मदर टिंक्चर (Q) | अल्कोहल आधारित | सबके लिए उपयुक्त नहीं |
टैबलेट में लैक्टोज़ बहुत कम होता है और ज़्यादातर लोग इसे सह लेते हैं; लेकिन दूध से एलर्जी हो या शक हो, तो ग्लोब्यूल्स या लिक्विड रूप माँगें।
बच्चों को स्वाद अच्छा लगता है, इसलिए पूरी शीशी खा लेने का ख़तरा रहता है। दवा बच्चों की पहुँच से दूर रखें। अगर बच्चा बहुत सारी गोलियाँ या मदर टिंक्चर पी ले, तो डॉक्टर से संपर्क करें।
डायबिटीज़ में होम्योपैथिक देखभाल केवल सहायक है और इंसुलिन या मेटफ़ॉर्मिन की जगह नहीं लेती। पढ़ें: डायबिटीज़ और होम्योपैथी।
डॉ. मीनाक्षी से परामर्श लें। उदयपुर क्लिनिक: सोमवार से शनिवार, सुबह 10 से दोपहर 1 बजे (अपॉइंटमेंट से) और शाम 6 से 9 बजे (बिना अपॉइंटमेंट)। वीडियो कॉल या WhatsApp पर ऑनलाइन परामर्श भी उपलब्ध है।
सामान्य डोज़ में गोलियों की चीनी खाने की तुलना में बहुत कम होती है। डॉक्टर को अपनी डायबिटीज़ बताएँ; ज़रूरत हो तो दवा पानी में बूँदों के रूप में दी जा सकती है।
हाँ, टैबलेट आमतौर पर लैक्टोज़ से बनती हैं। मात्रा कम होती है, लेकिन दूध से एलर्जी हो तो ग्लोब्यूल्स या लिक्विड रूप माँगें।
हाँ, लिक्विड दवा पानी में बूँदों के रूप में दी जा सकती है। कौन-सा रूप सही है, डॉक्टर बताएँगे।
नहीं। इंसुलिन और शुगर की दवाएँ डॉक्टर के बताए अनुसार जारी रखें; कोई भी बदलाव केवल वही डॉक्टर तय करें।
यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है, यह चिकित्सकीय सलाह, निदान या इलाज का विकल्प नहीं है। होम्योपैथिक उपचार हर व्यक्ति के लिए अलग होता है; असर हर व्यक्ति में अलग होता है और किसी विशेष परिणाम का वादा नहीं किया जाता। अपने डॉक्टर द्वारा दी गई दवाएँ जारी रखें।
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